नौकरी लगवाने के नाम पर 12 लाख की धोखाधड़ी: मरवाही से ट्रेनिंग के लिए पश्चिम बंगाल बुलाया, किसान से 3 आरोपियों ने की मारपीट…

गौरेला-पेंड्रा-मरवाही// गौरेला-पेंड्रा-मरवाही के कुम्हारी निवासी एक किसान के साथ रेलवे में नौकरी लगवाने के नाम पर 12 लाख रुपए की धोखाधड़ी की गई है। ट्रेनिंग के लिए पश्चिम बंगाल आसनसोल बुलाया गया था। नौकरी नहीं लगने के बाद रकम वापस मांगने पर आरोपियों ने किसान के साथ गाली-गलौज और मारपीट की। पुलिस ने 3 आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी तलाश में जुट गई है।

जानकारी के मुताबिक, मामला मरवाही थाना क्षेत्र का है। पीड़ित पुनीत प्रधान ने मरवाही थाने में आरोपी विधान बैरागी चंद्रा, वर्षा रानी और योगेश रजक के खिलाफ FIR दर्ज कराया है। पुनीत ने बताया कि वह खेती-किसानी का काम करता है। 1 साल पहले बिलासपुर के देवेश वनवासी से जान-पहचान हुई थी।

देवेश ने बिलासपुर के वर्षा रानी हॉस्पिटल और साईं नर्सिंग के संचालक आरोपी विधान बैरागी चंद्रा से पहचान कराई। आरोपी विधान बैरागी चंद्रा ने पुनीत को मेडिकल फील्ड और रेलवे में नौकरी लगाने का काम करना बताया। अपने साले विनय कुमार शर्मा निवासी पामगढ़ का उदाहरण देते हुए झांसे में लिया और रेलवे में नौकरी लगवाने की बात कही। स्पोर्ट्स कोटे से भर्ती का आश्वासन दिया।

प्रार्थी का मेडिकल फॉर्म भरवाकर मेडिकल कराया

विश्वास में पुनीत ने पहला किस्त 3 लाख रुपए कैश आसनसोल वेस्ट बंगाल में दिया गया। रेलवे में नौकरी के नाम से मेडिकल फॉर्म भरवाकर मेडिकल कराया और बताया कि 50 प्रतिशत राशि जमा करना होगा। इसपर पुनीत ने दूसरा किस्त 2 लाख कैश दिया। वहीं 1 लाख रुपए आरोपी वर्षारानी के खाते में ट्रांसफर कराया गया।

7-8 महीने से ट्रेनिंग चलने की बताई गई बात

इसके बाद आरोपी विधान बैरागी चंद्रा द्वारा रेलवे में नौकरी का फर्जी नियुक्ति पत्र दिया गया और शासन से स्थायी ट्रेनिंग शुरू करना बताया गया। इसके बाद आरोपी विधान बैरागी ने रेलवे अधिकारियों द्वारा स्थायी ट्रेनिंग को समाप्त करने की बात कहते हुए फिर से 2 लाख रुपए मांग की। इस पर प्रार्थी ने आरोपी वर्षा रानी के एसबीआई खाता में ​​​फिर से पचास हजार रुपए कुल 4 बार भुगतान किया।

प्रार्थी पुनीत को आरोपी विधान बैरागी चन्द्रा ने आसानसोल वेस्ट बंगाल में आकाश और राहुल नाम के व्यक्ति से परिचय करवाया और बताया गया कि यही सरजी ट्रेनिंग देंगे। अप्रैल 2022 में ट्रेनिंग चालू करने के नाम से राशन सामान और कपड़ों के साथ ​​​​​आसनसोल बुलाया गया। जहां पहले से 4-5 लोग थे और उनकी ट्रेनिंग 7-8 महीने से चलने की बात बताई गई।

सोना-चांदी और जमीन गिरवी रखकर दिया 1 लाख

दूसरे दिन प्रार्थी को ट्रेनर आकाश को एक लाख रुपए फिर से देने को कहा गया तो प्रार्थी ने इसका भी भुगतान किया। आसनसोल से मरवाही आकर सोना-चांदी और जमीन गिरवी रखकर एक लाख रुपए आरोपी विधान वैरागी चंद्रा के दोस्त योगेश रजक को उसके फार्म हाऊस में दिया। इस तरह प्रार्थी से रेलवे में नौकरी लगाने के नाम से कुल 12 लाख रुपए दिया गया।

वहीं राशि भुगतान के बाद भी रेलवे में नौकरी नहीं लगने पर प्रार्थी को झांसे में लेकर जालसाजी कर ठगे जाने का एहसास हुआ। इसके बाद प्रार्थी ने अपनी पूरे पैसे मांगे, लेकिन आरोपियों ने अभद्र गाली-गलौज कर जान से मारने की धमकी दी गई। आरोपी विधान बैरागी चन्द्रा और उसकी पत्नी वर्षा रानी ने गाली-गलौज कर मारपीट की। इससे वह घायल हो गया था।