पर्यावरण को हरा-भरा रखना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है : पारिक

पर्यावरण को हरा-भरा रखना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है : पारिक

कोरबा (CITY HOT NEWS)//// विश्व पर्यावरण दिवस और मिशन लाइफ (Mission LiFE – Lifestyle for Environment) के उपलक्ष्य में 05 जून को सनराइज क्लब में सुबह 10:00 बजे से कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि एम.के. पारिक, यूनिट हेड, कार्यक्रम के अध्यक्ष शिवदयाल कर्ष, अध्यक्ष, पी.आई.एल. इंटक तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में संजय जोशी, कार्यकारी निदेशक (कमर्शियल), सुधाकर सारस्वत, विभागाध्यक्ष (परचेज), उदय सिंह, कारखाना प्रबंधक, एस. कुमार, विभागाध्यक्ष (इलेक्ट्रिकल इंस्ट्रूमेंट), डॉ. लोकेन्द्र लगर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी, पी.आई.एल. तथा अशोक वैष्णव, विभागाध्यक्ष, पर्यावरण, स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग उपस्थित रहे।

दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इसके पश्चात सभी अतिथियों का पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया गया। कार्यक्रम में संतोष थवाइत, सहायक महाप्रबंधक, पर्यावरण, स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग द्वारा मिशन लाइफ की शपथ दिलाई गई। उन्होंने विश्व पर्यावरण दिवस की इस वर्ष की थीम “प्रकृति से प्रेरित होकर जलवायु और भविष्य का संरक्षण करें” पर विस्तार से जानकारी दी। साथ ही जल एवं वायु प्रदूषण नियंत्रण, प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट, सीवेज प्रबंधन, स्क्रैप, लेड एसिड बैटरी, ई-वेस्ट, वेस्ट टायर रिसाइक्लिंग, फ्लाई ऐश मैनेजमेंट, क्लस्टर आधारित प्रदूषण नियंत्रण तथा मिशन लाइफ से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं।

अशोक वैष्णव ने कहा कि पेड़ों की कमी के कारण गर्मी लगातार बढ़ रही है, इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को कम से कम एक पौधा लगाने का संकल्प लेना चाहिए ताकि आने वाली पीढ़ियों को भीषण गर्मी का सामना न करना पड़े। एस. कुमार ने कहा कि प्रदूषण आज गंभीर चिंता का विषय है और इसे रोकने के लिए सभी को मिलकर कार्य करना होगा। डॉ. लोकेन्द्र लगर ने कहा कि जिस प्रकार भोजन जीवन के लिए आवश्यक है, उसी प्रकार ऑक्सीजन भी जरूरी है और ऑक्सीजन हमें पेड़ों से प्राप्त होती है। इसलिए अधिक से अधिक वृक्षारोपण किया जाना चाहिए।

सुधाकर सारस्वत ने कहा कि पर्यावरण दिवस केवल परंपरा निभाने के लिए नहीं मनाना चाहिए, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति को पौधारोपण कर इसे यादगार बनाना चाहिए। शिवदयाल कर्ष ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए अधिकाधिक पेड़ लगाना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उदय सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि प्रदूषण को रोकने के लिए समाज के प्रत्येक व्यक्ति को आगे आना होगा, अन्यथा आने वाली पीढ़ियों को भीषण समस्याओं का सामना करना पड़ेगा।

कार्यकारी निदेशक संजय जोशी ने बताया कि वर्ष 1972 से विश्व पर्यावरण दिवस मनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पूर्व में लगाए गए पेड़ों का लाभ आज सभी को मिल रहा है और आज लगाए गए पौधों का लाभ आने वाली पीढ़ियों को मिलेगा। मुख्य अतिथि एम.के. पारिक ने अपने संबोधन में कहा कि पर्यावरण को हरा-भरा रखना हम सभी की नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी से पौधारोपण करने तथा लगाए गए पौधों की देखभाल करने का संकल्प लेने का आह्वान किया।

कार्यक्रम के दौरान बच्चों के लिए चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में बच्चों ने भाग लिया। विश्व पर्यावरण दिवस की थीम पर स्लोगन, पोस्टर, सुझाव एवं भाषण प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया, जिसमें संयंत्र के कर्मचारियों और उनके परिवारजनों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी निभाई। चयनित प्रतिभागियों को प्रथम, द्वितीय, तृतीय एवं सांत्वना पुरस्कार प्रदान किए गए।

कार्यक्रम के अंत में अतिथियों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा वृक्षारोपण किया गया। इस दौरान नीम, बरगद, आम, आंवला, पीपल, अमरूद, अशोक, गुलमोहर और जामुन सहित विभिन्न प्रजातियों के लगभग 160 पौधे लगाए गए। कार्यक्रम का सफल संचालन संतोष थवाइत द्वारा तथा आभार प्रदर्शन रामेश्वर पटेल द्वारा किया गया।

कार्यक्रम को सफल बनाने में पर्यावरण, स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग के राजेन्द्र मिश्रा, प्रमोद अग्रवाल, आशीष सिंह, रिपन कुमार नायक, देवेन्द्र राठौर, विवेक ए. सिंह, अमर जलतारे, भास्कर सिंह राजपूत, शुभम शाह, जनेन्द्र कुम्भार, राकेश शर्मा, बसंत कुमार बरेठ, बृजेश बहादुर पाल सहित संयंत्र के अधिकारियों, कर्मचारियों, पी.एंड ए., हॉर्टिकल्चर, वेलफेयर विभाग तथा कॉलोनी के बच्चों का सराहनीय योगदान रहा।

Chhattisgarh