- कलेक्टर ने 31 जुलाई तक शासकीय कार्यालयों के लंबित बिजली बिल भुगतान करने के दिए निर्देष
- शासकीय कार्यालयों में अगस्त माह से प्री-पेड बिजली बिलिंग लागू होगा
- फर्जी दिव्यांग प्रमाण-पत्र से नियुक्त शिक्षाकर्मियों की जांच होगी दोषियों पर होगी कार्रवाई
- किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने और कृषि योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर दिया जोर
गरियाबंद, (CITY HOT NEWS)///
कलेक्टर श्री बीएस उइके की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला कार्यालय के सभाकक्ष में समय-सीमा की बैठक आयोजित हुई। बैठक में कलेक्टर ने सभी विभागीय अधिकारियों को जनदर्शन, जनशिकायत, सीएम प्रवास, पीजीपोर्टल (सीपीग्राम) के लंबित प्रकरणों को निर्धारित समयावधि पर निराकृत करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि इन सभी प्रकरणों को राज्य स्तर पर मॉनिटिरिंग की जाती है इसलिए संबंधित अधिकारी गुणवत्ता के साथ प्रकरणों का निराकरण करें। इस दौरान अपर कलेक्टर श्री पंकज डाहिरे, श्रीमती ऋषा ठाकुर उपस्थित थे।
श्री उइके ने सीपीग्राम्स से संबंधित लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए कहा कि जनपद पंचायत मैनपुर में वर्ष 2005 से 2007 के बीच फर्जी विकलांग प्रमाण पत्र एवं फर्जी दस्तावेज के सहारे शिक्षककर्मी के पद पर चयनित शिक्षा कर्मियों की नियुक्ति की सूची निकालकर दो दिवस के भीतर उपलब्ध कराएं। ताकि फर्जी विकलांग दस्तावेज के सहारे नौकरी करने वाले शिक्षकों के विरूद्ध नियमानुसार उचित कार्रवाई की जा सके। उन्होंने स्कूल जतन योजना के तहत वित्तीय दुरूपयोग की भी जांच करने के निर्देश दिए। देवभोग विकासखण्ड के ग्राम लाटापारा में प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत पूर्ण आवास की मजदूरी भुगतान शीघ्र कराने के निर्देश दिए।
कलेक्टर श्री उइके ने किसानों के ऋण पुस्तिका को शत प्रतिशत डीएससी सुनिश्चित करने तथा एग्रीस्टेक में पंजीयन कराने को कहा। इसके लिए कृषि विभाग एवं राजस्व विभाग के कर्मचारियों द्वारा छुटे हुए लोगों के लिए विशेष शिविर का आयोजन करें। इसके अलावा प्रधानमंत्री सूर्यघर निःशुल्क बिजली योजना के जिले को प्राप्त लक्ष्यों को पूरा करें। बैठक में कलेक्टर ने राज्य शासन द्वारा सभी शासकीय कार्यालयों में 1 अगस्त 2026 से प्री-पेड बिजली बिलिंग व्यवस्था लागू करने के निर्देश जारी किए हैं। इसके तहत सभी विभागों को 31 जुलाई तक अपने लंबित बिजली बिलों का भुगतान करना होगा। नई व्यवस्था में बिजली उपयोग के लिए पहले से रिचार्ज कराना अनिवार्य होगा। उन्होंने अधिकारियों को समय रहते आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने को कहा। भुगतान में देरी होने पर बिजली आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। सभी विभागों को निर्धारित समय-सीमा का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
कलेक्टर श्री बीएस उइके ने संबंधित अधिकारियों को खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 के शेष चावल का शीघ्र जमा कराना सुनिश्चित करने को कहा। रबी विपणन वर्ष 2025-26 के लिए रासायनिक उर्वरकों के उठाव की नियमित निगरानी करने के निर्देश भी दिए। कलेक्टर ने सहकारी समितियों में उर्वरकों के पर्याप्त भंडारण एवं समय पर वितरण को सर्वाेच्च प्राथमिकता देने को कहा। कलेक्टर ने समितिवार उर्वरक भंडारण, वितरण प्रतिशत एवं शेष स्टॉक की नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसानों को खाद की उपलब्धता में किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए। अधिकारियों को उर्वरकों की आपूर्ति एवं वितरण व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखने के लिए कहा गया। उन्होंने कहा कि शासन की सभी कृषि संबंधी योजनाओं का लाभ समय पर किसानों तक पहुंचना चाहिए। कलेक्टर श्री बीएस उइके ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जो अधिकारी एवं कर्मचारी नियमित रूप से बायोमैट्रिक उपस्थिति दर्ज नहीं करते हैं। उनका वेतन आहरण नहीं किया जाएगा। उन्होंने सभी विभाग प्रमुखों को निर्देशित किया कि प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी की नियमित बायोमैट्रिक उपस्थिति सुनिश्चित कराते हुए इस व्यवस्था का कड़ाई से पालन कराया जाए। इस दौरान सभी विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

