बीजापुर (CITY HOT NEWS)///
महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत निर्मित डबरियां बीजापुर जिले के ग्रामीण किसानों के लिए आजीविका संवर्धन का सशक्त माध्यम बन रही हैं। जल संरक्षण, सिंचाई सुविधा विस्तार एवं अतिरिक्त आय सृजन के उद्देश्य से बनाए जा रहे इन कार्यों से किसानों के जीवन में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहा है। जनपद पंचायत भोपालपटनम की ग्राम पंचायत चेरपल्ली के किसान वासम अब्बैया इसकी एक प्रेरणादायक मिसाल हैं।
लगभग 2 एकड़ कृषि भूमि के स्वामी वासम अब्बैया की निजी भूमि पर वित्तीय वर्ष 2023-24 में मनरेगा के तहत 2 लाख 25 हजार रुपये की लागत से डबरी का निर्माण किया गया। इस कार्य में कुल 993 मानव दिवस का सृजन हुआ तथा 104 जॉब कार्डधारी परिवारों को रोजगार उपलब्ध कराया गया।
डबरी निर्माण के बाद वासम अब्बैया ने इसमें मत्स्य पालन शुरू किया। पहली बार में लगभग 20 किलोग्राम मछली का विक्रय कर उन्होंने करीब 35 हजार रुपये की अतिरिक्त आय अर्जित की। वर्तमान में डबरी में 40 किलोग्राम मछली बीज डाला गया है, जिससे भविष्य में और अधिक आय की संभावना है।
डबरी के किनारों पर उन्होंने सेमी, बरबट्टी और लौकी जैसी सब्जियों का उत्पादन भी किया। सब्जियों के विक्रय से उन्हें लगभग 40 हजार रुपये का अतिरिक्त लाभ प्राप्त हुआ। डबरी में उपलब्ध पानी से अब उनकी पूरी कृषि भूमि में नियमित सिंचाई संभव हो रही है, जिसके परिणामस्वरूप वे पहली बार दोहरी फसल लेने में सफल हुए हैं।
किसान वासम अब्बैया ने बताया कि पहले सिंचाई सुविधा के अभाव में वे केवल वर्षा आधारित खेती कर पाते थे, लेकिन डबरी निर्माण के बाद खेती के साथ-साथ मत्स्य पालन और सब्जी उत्पादन भी कर रहे हैं। इससे उनकी आय में वृद्धि हुई है और परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है।
रोजगार सहायक कु. रीता यालम ने बताया कि मनरेगा के तहत निर्मित डबरी किसानों के लिए जल संरक्षण के साथ-साथ आय बढ़ाने का प्रभावी माध्यम साबित हो रही हैं। इससे किसानों को वर्ष भर सिंचाई सुविधा उपलब्ध होने के साथ कृषि आधारित अतिरिक्त आजीविका गतिविधियों को बढ़ावा मिल रहा है।
ग्रामीण क्षेत्र में डबरी निर्माण कार्य जल संरक्षण, रोजगार सृजन एवं सतत कृषि को प्रोत्साहित करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। वासम अब्बैया की सफलता इस बात का उदाहरण है कि मनरेगा के तहत निर्मित परिसंपत्तियां किसानों को आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने में प्रभावी साबित हो रही हैं।

