- स्वच्छ ईंधन से आसान हुआ रसोई का काम, बचा समय परिवार और बच्चों के लिए
रायपुर (CITY HOT NEWS)//
घर की रसोई में रोजमर्रा की जरूरतों के बीच स्वच्छ ईंधन की उपलब्धता महिलाओं के जीवन को आसान बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। बलरामपुर जिले में ‘‘सेवा-मेरा योगदान’’ कार्यक्रम के अंतर्गत संचालित सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाया जा रहा है। इसी क्रम में प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना ने जिले की अनेक महिलाओं की रसोई को धुएं से राहत देने के साथ उनके दैनिक जीवन में सुविधा और सहजता का नया अनुभव जोड़ा है।
बलरामपुर निवासी श्रीमती कांता सिंह और श्रीमती संगीता एक्का की कहानी इसी बदलाव की तस्वीर पेश करती है। पहले दोनों को खाना बनाने के लिए पारंपरिक ईंधन पर निर्भर रहना पड़ता था। चूल्हे के धुएं और ईंधन की व्यवस्था में लगने वाले समय के कारण रसोई का काम कठिन होता था। उज्ज्वला योजना के तहत एलपीजी कनेक्शन मिलने के बाद अब उनके लिए खाना बनाना आसान और सुविधाजनक हो गया है।
श्रीमती कांता सिंह बताती हैं कि गैस कनेक्शन मिलने से रसोई के काम में काफी सहजता आई है। पहले पारंपरिक ईंधन जुटाने और चूल्हे पर खाना बनाने में अधिक समय लगता था, लेकिन अब कम समय में भोजन तैयार हो जाता है। धुएं से भी राहत मिली है। वे कहती हैं कि उज्ज्वला योजना जैसी योजनाएं महिलाओं के रोजमर्रा के जीवन को सुविधाजनक बनाने में मददगार साबित हो रही हैं।वहीं श्रीमती संगीता एक्का के लिए भी उज्ज्वला योजना का लाभ एक महत्वपूर्ण बदलाव लेकर आया है। वे बताती हैं कि पहले चूल्हे के धुएं के बीच खाना बनाने में काफी समय बीत जाता था, लेकिन अब एलपीजी से रसोई का काम जल्दी और आसानी से पूरा हो जाता है। बचा हुआ समय वे घर के अन्य कार्यों और बच्चों की पढ़ाई पर दे पा रही हैं। उनके अनुसार स्वच्छ ईंधन मिलने से परिवार के लिए भी सुविधा बढ़ी है।
’गांव तक पहुंच रही सेवा, योजनाओं का लाभ हो रहा आसान’
सेवा संकल्प अभियान की विशेषता यह है कि शासन की योजनाओं की जानकारी और उनका लाभ जरूरतमंद लोगों तक पहुंचाने के लिए विभागीय अमला गांव-गांव पहुंच रहा है। कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन में शिविरों और ग्राम स्तरीय भ्रमण के माध्यम से पात्र हितग्राहियों को योजनाओं की जानकारी दी जा रही है तथा उन्हें आवश्यक प्रक्रिया से जोड़कर लाभ दिलाया जा रहा है।श्रीमती कांता सिंह और श्रीमती संगीता एक्का को भी इसी प्रयास के तहत प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना का लाभ मिला।
इन दोनों महिलाओं के अनुभव बताते हैं कि जब जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ सही समय पर पात्र परिवारों तक पहुंचता है, तो उसका असर केवल एक सुविधा तक सीमित नहीं रहता, बल्कि वह पूरे परिवार के दैनिक जीवन में सकारात्मक बदलाव लेकर आता है। उज्ज्वला योजना के माध्यम से स्वच्छ ईंधन की सुविधा ने कांता सिंह और संगीता एक्का की रसोई को आसान बनाया है और सेवा संकल्प अभियान ने शासन की योजनाओं को जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचाने के संकल्प को जमीन पर साकार किया है।

